गांव के पारंपरिक सीमा का सीमांकन पेन शक्ति व जीपीएस मशीन के माध्यम से किया गया।



(गैंदलाल मरकाम):-  ग्राम-मंगहुर, वि.खं.- दुर्गुकोंदल, जिला-उत्तर बस्तर कांकेर छत्तीसगढ़ में अनुसूचित जनजाति और अन्य परंपरागत वन निवासी (वन अधिकारों की मान्यता) अधिनियम 2006 तथा अनुसूचित जनजाति और अन्य परंपरागत वन निवासी (वन अधिकारों वन अधिकारों की मान्यता) नियम 2007 यथा संशोधित नियम 2012 के तहत गांव के पारंपरिक सीमा का सीमांकन पेन शक्ति व जीपीएस मशीन के माध्यम से किया गया, जिसमें गांव के गायता श्री- दुर्गुराम तुलावी,पटेल- शिवनुराम तुलावी,पुनीत तुलावी,नागसाय तुलावी,राजेश गोटा,कुमार तोप्पा,मुकेश गावड़े,कुबेर दर्रो, प्रेम सलाम,बसंत सलाम,सुकदेर तुलावी,तुलसी  टेकाम,सरादू उइका,अमरू गावड़े,तुलसी यादव,रामुराम तुलावी,नीरसिंग तुलावी, हरसिंह तुलावी,गन्नू तुलावी,पूनुराम तुलावी, सूरतू जाड़े,हीरू जाड़े,नेवरू तुलावी,श्रीराम तुलावी,माहरुराम दुग्गा,अलिराम सलाम,देवलाल सलाम,पनकु तुलावी,सुरेश तुलावी,हरिलाल जाड़े,वन विभाग,राजस्व विभाग के कर्मचारी व सीमावर्ती गांव के गायता,पटेल व समस्त ग्रामीणजन उपस्थित थे...!!

Comments

Popular posts from this blog

अबूझमाड़ के चिकित्सा के क्षेत्र में भगवान का दूसरा रूप माने जाने वाले डॉक्टर बीएन बन पुरिया के नेतृत्व में टीम बनाकर ...

मुख्यमंत्री सहायता कोषः श्री रजनू नेताम और उनकी पत्नी श्रीमती श्यामबती नेताम ने 1 लाख रूपये का चेक कलेक्टर को सौंपा।

कलेक्टर ने की समय सीमा के लंबित प्रकरणों की समीक्षा विधानसभा सत्र के प्रश्नों का उत्तर देने करें नोडल अधिकारी की नियुक्ति